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स्कूल स्मार्ट ने शुरू किया स्कूलों से स्मार्ट पिकअप
बंगलुरु. छात्रों के आने-जाने पर नजर रखने वाली और सुरक्षा के लिए काम करने वाली कंपनी स्कूल स्मार्ट ने स्मार्ट पिकअप ऐप लांच किया है। यह ऐप खासतौर पर स्कूलों और बच्चों के लिए बनाया गया है।
स्मार्ट पिक अप यह सुनिश्चित करता है कि केवल छात्रों, माता-पिता या अभिभावकों द्वारा अधिकृत व्यक्ति ही स्कूल या स्कूल बस के स्टाप से बच्चों को ले, ताकि बच्चे घर सुरक्षित आएं।
सभी स्कूलों ने स्कूलों या बस स्टॉप से बच्चे को लेने के लिए अभिभावकों द्वारा लोगों को पंजीकृत करवा रखा है, लेकिन कभी कभी ऐसा होता है कि पंजीकृत व्यक्ति बच्चे को लेने नहीं आता है। ऐसे में अभिभावक अपने किसी विश्वास पात्र व्यक्ति को बच्चे को लेने के लिए नियुक्त करते हैं, लेकिन ऐसे में स्कूल को उसकी जानकारी नहीं होती है।
स्मार्ट पिक अप ऐप आपको यह सुविधा देता है कि पंजीकृत अभिभावक बच्चे को लेने वाले व्यक्ति का फोटो अपलोड करें और उस व्यक्ति का फोटो स्कूल के सिक्योरिटी ऐप या बस अथॉरिटी के सामने नजर आता है। अभिभावक जैसे ही फोटो अपलोड करते हैं।
वैसे ही उन्हें ओटीपी मिलता है। यह ओटीपी जो व्यक्ति बच्चे को लेने जा रहा होता है, उसे स्कूल अथॉरिटी को दिखाना होता है। ऐसे में उसे तभी बच्चा सुपुर्द किया जाएगा।
स्कूल स्मार्ट के सहसंस्थापक और सीईओ श्रीनिवास राव सरीपाली ने कहा “स्कूल स्मार्ट में हमारा फोकस बच्चोंक सुरक्षा पर होता है। साथ ही बच्चों की शुरू से लेकर आखिर तक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रहता है।
स्कूल स्मार्ट का स्मार्ट पिकअप को इस तरह डिजाइन किया गया है कि इसका इस्तेमाल सभी डिवाइस पर किया जा सके। साथ ही अभिभावकों और स्कूल प्रबंधन को तुरंत सूचना मुहैया करवाता है जिससे छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। यह ऐप पिछली जानकारियों को भी सुरक्षित रखता है ताकि इस्तेमाल करने वाला जब चाहे पुरानी जानकारियों का इस्तेमाल कर सके।.


