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FADA के नेतृत्व में बदलाव, श्री आशीष हर्षराज काले ने श्री विंकेश गुलाटी को FADA का 35वां अध्यक्ष नियुक्त करने की घोषणा की
नई दिल्ली. भारत में ऑटोमोबाइल रिटेल की शीर्ष राष्ट्रीय संस्था द फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने आज श्री विंकेश गुलाटी को वर्ष 2020-22 के लिए FADA के 35वें अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किए जाने की घोषणा की। वह उत्तर प्रदेश से भी पहले अध्यक्ष हैं। यह निर्णय 298 वीं गवर्निंग काउंसिल की बैठक में किया गया था जो कि फेडरेशन की 56 वीं वार्षिक आम बैठक के तुरंत बाद आयोजित की गई थी।
श्री गुलाटी यूनाइटेड ऑटोमोबाइल्स के निदेशक हैं, जिसका संचालन इलाहाबाद और फरीदाबाद से होता है। यूनाइटेड ऑटोमोबाइल्स 1985 से ऑटो डीलरशिप व्यवसाय में संलग्न है और महिंद्रा एंड महिंद्रा एवं बजाज ऑटो के लिए डीलर्स हैं। यूनाइटेड ऑटोमोबाइल्स यूनाइटेड ग्रुप का हिस्सा है, जिसकी शुरुआत 1951 में ट्रांसपोर्ट बिज़नेस के रूप में हुई थी।
ग्रुप ने उत्तर प्रदेश और दिल्ली में शैक्षिक संस्थान, ऑटो डीलरशिप, डायग्नोस्टिक सेंटर, न्यूज़पेपर पब्लिकेशन और मेडिकल साइंस के क्षेत्रों में अपनी गतिविधियों का विस्तार किया है। इलाहाबाद में इसने 1,000 बिस्तर वाले एक अस्पताल यूनाइटेड मेडिसिटी की स्थापना की है।
परिषद ने वर्ष 2020-22 के लिए निम्नलिखित व्यवस्था की है :
- श्री मनीष राज सिंघानिया, मैनेजिंग पार्टनर – रालास मोटर्स, रायपुर (महिंद्रा एंड महिंद्रा के डीलर) उपाध्यक्ष के रूप में
- श्री चित्तूर सेल्वाकुमार विग्नेश्वर, उप प्रबंध निदेशक – अनामलाइज टोयोटा, कोयम्बटूर (टोयोटा के डीलर, वीईसीवी और बेनेली) सचिव के रूप में;
परिषद ने सर्वसम्मति से श्री साई गिरिधर – निदेशक, सायशा मोटर्स प्रा. लिमिटेड – जयपुर (स्कोडा ऑटो के लिए डीलर) के नाम को वर्ष 2020-22 के लिए बतौर कोषाध्यक्ष नियुक्ति दी है।
फेडरेशन के अध्यक्ष के रूप में पिछले दो वर्षों में श्री काले द्वारा किए गए अपार योगदान के लिए FADA इंडिया अपनी सराहना दर्ज करती है। उनके नेतृत्व में, FADA ने कई उल्लेखनीय कदम उठाए। इनमें वाहन पंजीकरण-आधारित ओईएम वार बाज़ार हिस्सेदारी जारी करने के लिए ऑटो रिटेल रजिस्ट्रेशन के आंकड़े पेश करना और सुप्रीम कोर्ट में बिकने से बच गए बीएस-4 वाहनों के मामले को सर्वोच्च न्यायालय तक ले जाना और फैसले को तकरीबन अपने पक्ष में कर लेना शामिल है।
उनके ही मार्गदर्शन में, फेडरेशन को नीति निर्माताओं, ओईएम, ऑटो डीलर्स और हमसे संबद्ध अन्य उद्योगों ने ऑटो रिटेल क्षेत्र में सबसे अधिक प्रासंगिक निकाय के रूप में देखा। FADA ने सभी ऑटो डीलर्स को अपने अम्ब्रेला के तहत एक साथ लाने में भी अहम भूमिका निभाई है। यही वजह है कि फेडरेशन की सदस्यता रिकॉर्ड ऊंचाई को छू रही है।
श्री गुलाटी को संगठन की कमान दिए जाने पर, श्री काले ने कहा, “मैं इस प्रतिष्ठित संस्था के अध्यक्ष के रूप में अपने मित्र और सहयोगी श्री विंकेश गुलाटी को बधाई देता हूं। उनके साथ काम करने के बाद, मुझे पूरा विश्वास है कि डीलरों के मुद्दों को सुलझाने के लिए उनकी कार्य शैली और बोल्ड दृष्टिकोण FADA को अगले स्तर तक ले जाएगा और डीलरशिप समुदाय को एकजुट और मजबूत करेगा। मैं FADA ,ऑटो उद्योग में अपने सभी सहयोगियों और अपने कार्यकाल के दौरान मीडिया द्वारा FADA को दिए गए हर प्रोत्साहन और सहयोग के लिए आभार व्यक्त करता हूं।”
नए FADA अध्यक्ष के रूप में अपनी नियुक्ति पर टिप्पणी करते हुए, श्री गुलाटी ने कहा, “मैं बेहद आभार और सम्मानित महसूस करता हूं कि फेडरेशन ने FADA के नए अध्यक्ष का पद संभालने के लिए मुझ पर अपना भरोसा रखा है। यह एक ऐसा संगठन है, जिसके पास एक यादगार अतीत है और रोमांचक भविष्य।
वैसे तो हम लोग काफी लचीले हैं, लेकिन कोविड ने एक बार फिर हमें कठोर निर्णय लेना सिखाया है, ताकि डीलरशिप जीवित रहे। मेरे कार्यकाल के दौरान, मैं डीलरशिप में सुधार के लिए इससे जुड़े मुद्दों को सख्ती से उठाऊंगा। यह डीलर मार्जिन, फ्रेंचाइज एक्ट हो सकता है या एमएसएमई के दायरे में शामिल होने का मुद्दा।
इन मौजूदा चुनौतियों के बावजूद, भारत जल्द ही दुनिया में तीसरा सबसे बड़ा ऑटोमोबाइल बाजार बनने की क्षमता रखता है। हम सही मायनों में ऑटोमोबाइल में भारत को वैश्विक लीडर बनाने के सरकार के सपने को पूरा कर सकते हैं, बशर्ते हमारा तंत्र यानी सरकार, SIAM, ACMA और FADA कंधे से कंधा मिलाकर काम करें।‘’


