- India’s $245 Billion FMCG Sector Gets New ESG Risk & Opportunity Framework by Aspire Circle and Aspire Impact
- शिक्षक दिवस पर शिक्षकों के सम्मान में शेरेटन ग्रैंड पैलेस इंदौर में विशेष ब्रंच
- ‘दायरा’ के मलयालम वर्जन में करीना कपूर खान की ‘अजूनी’ को अपनी आवाज़ देंगी पार्वती थिरुवोथु!
- When Danny Pandit Picks a Trend, Pop Culture Takes Notice
- सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना की फ्रेश जोड़ी ने ‘द वन’ के ‘समझो ना’ से मचाई धूम, दर्शकों ने कहा- ‘ब्लॉकबस्टर जोड़ी’!
दो कैबिनेट मंत्रियों को डॉ. एके द्विवेदी ने दी सिकल सेल जागरूकता रथ की जानकारी
एडवांस्ड होम्यो हेल्थ सेंटर एवं होम्योपैथिक मेडिकल रिसर्च प्रा.लि. और आयुष मेडिकल वेलफेयर फाउंडेशन द्वारा 26 फरवरी से 5 मार्च 2023 तक चलाया गया था एनीमिया जागरूकता रथ
इंदौर। एडवांस्ड होम्यो हेल्थ सेंटर एवं होम्योपैथिक मेडिकल रिसर्च प्रा.लि. और आयुष मेडिकल वेलफेयर फाउंडेशन द्वारा 26 फरवरी से 5 मार्च 2023 तक एनीमिया जागरूकता रथ चलाया गया था। इंदौर शहर तथा आसपास के क्षेत्रों में 8 दिनों में लगभग 200 किलोमीटर का भ्रमण किया। इस दौरान रथ के साथ चलने वाली होम्योपैथिक चिकित्सकों की टीम द्वारा करीब 35 हजार लोगों से मिलकर एनीमिया के लक्षण, होम्योपैथिक उपचार तथा खानपान की जानकारी दी गई।
यह बात शहर के प्रख्यात चिकित्सक और आयुष मंत्रालय की वैज्ञानिक सलाहकार समिति (केंद्रीय होम्योपैथिक अनुसंधान परिषद्) के अहम सदस्य डॉ. ए.के. द्विवेदी ने एक मुलाकात के दौरान कैबिनेट मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ( जल संसाधन) और कैबिनेट मंत्री सुश्री उषा ठाकुर (सांस्कृतिक एवं पर्टयन) को दी। इस दौरान डॉ. एके द्विवेदी ने मंत्रीद्वय को बताया कि 8 दिनों तक शहर व आसपास के क्षेत्रों में भ्रमण के दौरान इस एनीमिया जागरूकता रथ के माध्यम से न केवल लोगों को खून की कमी से होने वाली तरह-तरह की छोटी-बड़ी समस्याओं के बारे में जागरूक किया गया बल्कि इनसे बचाव के अत्यंत सरल व घर में उपलब्ध खानपान के बारे में लोगों को बताया गया।
इसके अलावा रक्त की कमी की वजह से गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों का सरल औषधीय उपचार भी किया गया। तो चुनिंदा जरूरतमंद मरीजों को निःशुल्क उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई गई। साथ ही पैपलेंट बांटे गए जिस पर रक्त की कमी को दूर करने और हिमोग्लोबीन को बढ़ाने के लिए उपयोगी खाद्य पदार्थों की जानकारी थी। रथ भ्रमण के साथ ही हमारे द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए भी लोगों को जागरूक किया गया।
इस पर कैबिनेट मंत्री श्री सिलावट ने कहा कि शहर व आसपास के क्षेत्रों में डॉ. एके द्विवेदी द्वारा सिकल सेल, अप्लास्टिक एनीमिया सहित अन्य रक्त जनित गंभीर बीमारियों का उपचार होम्योपैथिक चिकित्सा पद्धति से किया जा रहा है जो काफी प्रशसंनीय है। इसके अलावा डॉ. एके द्विवेदी जनहित के कार्यों में भी अपनी महूत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं जो काबिले तारीफ है। मंत्री सिलावट ने कहा कि यदि डॉ. द्विवेदी द्वारा किए जा रहे इस तरह के कार्य देश के अन्य लोग एवं सभी चिकित्सक करने लगे तो देश को एनीमिया मुक्त बनाने के देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के सपने को साकार किया जा सकेगा।
वहीं मंत्री सुश्री ठाकुर ने कहा कि वे खुद भी गुड़-चना खाती है और लोगों को भी खाने की सलाह देती है। क्योंकि गुड़-चना व्यक्ति के शरीर में रक्त की कमी को दूर करता है। इसके अलावा सुश्री ठाकुर ने डॉ. द्विवेदी द्वारा किए जा रहे कार्यों को सुनने के बाद कहा कि आपके द्वारा किए जा रहे कार्य काफी प्रशसंनीय है। वहीं आपके द्वारा सिकल सेल, अप्लास्टि एनीमिया जैसी रक्त की बीमारियों का इलाज कर लोगों राहत पहुंचाने के साथ ही आमजन को जागरूक भी किया जा रहा है। आपके द्वारा चलाया जाने वाला एनीमिया जागरूरकता रथ एक अच्छा प्रयास है। मैं तो कहूंगी कि इस तरह का एनीमिया जागरूकता रथ आदिवासी अंचल में चालाया जाना चाहिए क्योंकि सिकल सेल रोग उन क्षेत्रों में ज्यादा है। इसके लिए मैं भी कोशिश करूंगी सरकार इसमें आपकी मदद करें।
उल्लेखनीय है डॉ. एके द्विवेदी होम्योपैथिक चिकित्सा को लेकर लागातार कार्य करते हुए अनेक गंभीर बीमारियों का इलाज इसके माध्यम से कर रहे हैं। वे 25 वर्षों से अधिक समय से होम्योपैथिक चिकित्सा के माध्यम से सिकल सेल एनीमिया, अप्लास्टिक एनीमिया जैसी गंभीर रोगों का उपचार कर मरीजों को राहत दे रहे हैं। तो ढाई दशकों से एनीमिया के मरीज़ों का सफलतापूर्वक होम्योपैथी इलाज कर रहे डॉ. द्विवेदी पेशेंट्स अवेयरनेस के लिए पिछले कई सालों से एनीमिया रथ सप्ताह का आयोजन इंदौर और आसपास के क्षेत्रों में कर रहे हैं। वहीं माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू एवं वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के जनवरी 2023 में इंदौर प्रवास के दौरान डॉ. द्विवेदी ने उनसे भेंटकर 2023 के बजट में एनीमिया के इलाज के लिए प्रावधान करने का आग्रह किया था। जिसे सहृदयता से स्वीकार कर लिया गया है।


