- मुनव्वर फारूकी का रोहित शेट्टी को सलाम, ‘खतरों के खिलाड़ी’ के फिनाले पर बोले ‘लेजेंडरी’
- सांस्कृतिक रंगों की नई उड़ान: ट्रायो सेट ऑफ थ्री आर्ट्स की महफ़िल में सजी कव्वाली, सूफियाना सुर और बॉलीवुड का तड़का
- ‘मंगला गौरी’ के लिए रुक्मिणी वसंत ने पहनी खाकी; फर्स्ट लुक में दिखा उनका बिल्कुल नया अंदाज़
- Shakti Pumps Unveils Next-Generation Patented S4RM Pumps and Advanced Pumping Solutions at IFAT Mumbai 2026
- स्मार्ट सिटी प्लानिंग में जंगलों, कृषि भूमि और आर्द्रभूमि (वेटलैंड्स) को बचाना अनिवार्य: प्रसिद्ध वास्तुकार हफीज कॉन्ट्रैक्टर
भीषण गर्मी में सतर्क रहें होम्योपैथी और पारंपरिक उपाय कारगर — डॉ. ए.के. द्विवेदी
इंदौर। बढ़ते तापमान और लू के प्रकोप को देखते हुए सी.सी.आर.एच. (आयुष मंत्रालय, भारत सरकार) के वैज्ञानिक सलाहकार मंडल के सदस्य डॉ. ए.के. द्विवेदी ने आमजन को स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने की सलाह दी है।
डॉ. द्विवेदी के अनुसार, तेज धूप के कारण होने वाले सन स्ट्रोक (लू लगना) और सन बर्न जैसी समस्याओं में होम्योपैथी चिकित्सा अत्यंत प्रभावी और सुरक्षित सिद्ध होती है। उन्होंने बताया कि सही लक्षणों के आधार पर दी गई होम्योपैथिक दवाएं शीघ्र राहत प्रदान करती हैं।
उन्होंने गर्मी से बचाव के लिए खानपान और दिनचर्या में बदलाव पर विशेष जोर दिया। उनके अनुसार:
• थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहें, शरीर में पानी की कमी न होने दें
• जिन्हें पथरी (किडनी स्टोन) की समस्या है, वे विशेष सावधानी रखें और पर्याप्त मात्रा में पानी लें
• सत्तू का शरबत, तरबूज, खीरा, ककड़ी, आम का झोलिया (पना) और छाछ का नियमित सेवन करें, ये शरीर को ठंडक और ऊर्जा देते हैं
• धूप में निकलने से बचें, विशेषकर दोपहर 12 से 4 बजे के बीच
• बाहर निकलते समय सिर को ढकें और धूप के चश्मे का उपयोग करें
डॉ. द्विवेदी ने वस्त्रों के चयन पर भी महत्वपूर्ण सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि गर्मी में सूती (Cotton), खादी और लिनेन के हल्के व ढीले कपड़े पहनना चाहिए, जिससे शरीर को ठंडक मिलती है और पसीना आसानी से सूखता है।
उन्होंने यह भी कहा कि बच्चों, बुजुर्गों और धूप में काम करने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। यदि किसी में लू या अत्यधिक गर्मी के लक्षण दिखाई दें तो तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेना आवश्यक है।
फॉस्फोरस – गर्मी के मौसम में होने वाली नकसीर (नाक से खून निकलने) की सबसे बेहतर दवा
ग्लोनॉइन : तेज सर दर्द के लिए
नैट्रम म्यूर : सन बर्न की सबसे बेहतर दवा
लक्षणों के आधार पर
निष्कर्षतः, पर्याप्त पानी, संतुलित आहार, उचित वस्त्र और होम्योपैथी चिकित्सा अपनाकर गर्मी के दुष्प्रभावों से प्रभावी बचाव किया जा सकता है।


