- Vivriti Asset Management Marks Successful Exit of Vintage II funds; ₹3,400 crore returned since inception
- विवृति एसेट मैनेजमेंट ने विंटेज-II फंड्स से सफलतापूर्वक किया एग्जिट
- DBS Bank India enables Customs Duty, Central Excise and Service Tax payments through ICEGATE 2.0
- Madhya Pradesh Well Positioned to Drive India's Next Wave of Growth: Mr Vir S. Advani, Chairman, CII Western Region
- भारत की विकास यात्रा के अगले चरण को गति देने के लिए मध्य प्रदेश पूरी तरह तैयार: श् वीर एस. आडवाणी, चेयरमैन, सीआईआई पश्चिमी क्षेत्र
चौथी ब्रोंकोपल्मोनरी वर्ल्ड कांग्रेस 2026 इंदौर में 3 जुलाई से
प्री कॉन्फ्रेंस वर्कशॉप में टीबी और फेफड़ों के इलाज पर फोकस
देश विदेश के विशेषज्ञ डॉक्टर जुटेंगे
एनटीईपी अपडेट्स, पल्मोनरी मेडिसिन, क्रिटिकल केयर और आधुनिक तकनीकों पर होगा मंथन
इंदौर, 20 अप्रैल 2026 । देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर को एक और अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा आयोजन की मेजबानी मिलने जा रही है। शहर में चौथी ब्रोंकोपुलमोनरी वर्ल्ड कांग्रेस 2026 का आयोजन 3 से 5 जुलाई 2026 तक किया जाएगा। इस तीन दिवसीय कॉन्फ्रेंस की शुरुआत 3 जुलाई को प्री कॉन्फ्रेंस वर्कशॉप से होगी, जिसमें फेफड़ों की बीमारियों, टीबी नियंत्रण, क्रिटिकल केयर और पल्मोनरी मेडिसिन से जुड़े नवीनतम विषयों पर विशेषज्ञ चर्चा करेंगे। आयोजन का मुख्य सम्मेलन ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर, इंदौर में होगा।
बी डब्ल्यू सी 4 के ऑर्गेनाईज़िंग सेक्रेटरी प्रो. डॉ. रवि डोसी ने कहा कि इस कॉन्फ्रेंस में देश और विदेश के विशेषज्ञों को एक मंच पर लाकर हम चिकित्सा क्षेत्र में नई दिशा देने का प्रयास कर रहे हैं। प्री कॉन्फ्रेंस वर्कशॉप विशेष रूप से युवा डॉक्टरों और पोस्ट ग्रेजुएट विद्यार्थियों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगी। डॉ. रवि डोसी ने आगे बताया कि टीबी और श्वसन रोग आज भी बड़ी चुनौती बने हुए हैं। ऐसे समय में वैज्ञानिक ज्ञान, नई तकनीक और बेहतर उपचार पद्धतियों का आदान प्रदान बेहद जरूरी है। यह आयोजन मरीजों तक बेहतर इलाज पहुंचाने में भी मदद करेगा।
इस बार कॉन्फ्रेंस का मुख्य आकर्षण प्री – कॉन्फ्रेंस वर्कशॉप रहेंगी, जिसमें कुल 11 विशेष वर्कशॉप होंगी। इनमें इंटरवेंशनल पल्मोनोलॉजी की 5 एडवांस्ड वर्कशॉप्स के साथ पीएफटी, सीवियर अस्थमा, टीबी, पल्मोनरी रिसर्च और पल्मोनरी रिहैबिलिटेशन जैसे विषय शामिल रहेंगे। इन सत्रों में विशेषज्ञ चिकित्सक प्रतिभागियों को आधुनिक तकनीक, क्लिनिकल मैनेजमेंट और व्यवहारिक प्रशिक्षण की जानकारी देंगे।
एनटीईपी अपडेट्स पर विशेष सत्र भी रखा गया है, जिसमें भारत में टीबी उन्मूलन अभियान, नई गाइडलाइंस, आधुनिक जांच तकनीक, दवा प्रबंधन और जटिल मामलों के उपचार पर विशेषज्ञ अपने विचार साझा करेंगे। इससे देशभर के चिकित्सकों और मेडिकल विद्यार्थियों को व्यवहारिक जानकारी प्राप्त होगी।
कॉन्फ्रेंस में पल्मोनरी मेडिसिन, क्रिटिकल केयर, स्लीप मेडिसिन, थोरैसिक सर्जरी, इंटरवेंशनल पल्मोनोलॉजी, रेस्पिरेटरी रिसर्च और ब्रोंकोपल्मोनरी रिहैबिलिटेशन जैसे विषयों पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय फैकल्टी अपने अनुभव साझा करेंगे और रिसर्च पेपर प्रेज़ेन्टैशन, क्लिनिकल वर्कशॉप, क्विज, लाइव डिस्कशन और नेटवर्किंग सेशन भी होंगे।
आयोजन समिति में देश के कई वरिष्ठ विशेषज्ञ शामिल हैं। प्रो. महेंद्र के बैनारा चेयरमैन, डॉ. अपार जिंदल साइंटिफिक कमेटी चेयरमैन, डॉ. सलील भार्गव और डॉ. लोकेन्द्र दवे पैट्रन की भूमिका निभा रहे हैं।
डॉ डोसी ने आगे बताया कि अर्ली बर्ड रजिस्ट्रेशन जल्द शुरू होगा। इच्छुक डॉक्टर, रेजिडेंट्स, मेडिकल स्टूडेंट्स और हेल्थ प्रोफेशनल्स वेबसाइट के माध्यम से पंजीयन करा सकेंगे। इंदौर की मेजबानी, उत्कृष्ट आतिथ्य और आधुनिक सुविधाएं इस आयोजन को खास बनाएंगी।
अधिक जानकारी और रजिस्ट्रेशन के लिए आधिकारिक वेबसाइट bwcindore.com जारी कर दी गई है।


