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ऊर्जा दक्षता, स्मार्ट फोर्जिंग प्रौद्योगिकियों और उन्नत विनिर्माण समाधानों पर AIFI का जमशेदपुर में विशेष सत्र; पूर्वी भारत में बढ़ाया अपना विस्तार
जमशेदपुर, 16 जून: भारत के फोर्जिंग उद्योग का प्रतिनिधित्व करने वाली शीर्ष संस्था एसोसिएशन ऑफ इंडियन फोर्जिंग इंडस्ट्री (AIFI) ने हाल ही में जमशेदपुर में एक महत्वपूर्ण विशेष सत्र का आयोजन किया, जिसके माध्यम से संगठन ने पूर्वी भारत में अपनी उपस्थिति को और सुदृढ़ किया। ज्ञान-केंद्रित इस कार्यक्रम में फोर्जिंग उद्योग जगत के लीडर्स और विशेषज्ञ पेशेवर, तकनीकी विशेषज्ञों तथा फोर्जिंग क्षेत्र के पेशेवरों ने भाग लिया और इस बात पर चर्चा की कि आधुनिकीकरण, स्वचालन तथा उन्नत परिचालन रणनीतियाँ किस प्रकार आधुनिक फोर्जिंग उद्योग को परिवर्तित कर रही हैं। क्षेत्रीय विनिर्माण क्षेत्र में नई संभावनाओं को उजागर करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में नई इंजीनियरिंग तकनीकों द्वारा परिचालन दक्षता, उत्पादन क्षमता तथा दीर्घकालिक स्थिरता को बढ़ाने के अवसरों पर विशेष प्रकाश डाला गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ रामकृष्ण फोर्जिंग्स लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री नरेश जालान के मुख्य संबोधन से हुआ। उन्होंने फोर्जिंग उद्योग के बदलते परिदृश्य पर प्रकाश डालते हुए वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने के लिए प्रौद्योगिकी अपनाने, स्थिरता तथा परिचालन उत्कृष्टता के महत्व को रेखांकित किया।
तकनीकी सत्रों की शुरुआत मेगाथर्म इंडक्शन लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (सेल्स) एवं इंडक्शन हीटिंग एवं हार्डनिंग डिवीजन के प्रमुख श्री सैकत चटर्जी की प्रस्तुति “इंडक्शन हीटिंग एवं हार्डनिंग में ऊर्जा दक्षता कैसे बढ़ाएं” से हुई। उन्होंने ऐसी व्यावहारिक रणनीतियों और उन्नत तकनीकों की जानकारी साझा की, जिनसे ऊर्जा उपयोग में उल्लेखनीय सुधार, परिचालन लागत में कमी तथा फोर्जिंग प्रक्रियाओं में उत्पादकता बढ़ाई जा सकती है।
इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए एसोसिएशन ऑफ इंडियन फोर्जिंग इंडस्ट्री (AIFI) के अध्यक्ष श्री यश मुनोत ने कहा, “फोर्जिंग उद्योग दक्षता, स्थिरता और तकनीकी नवाचार से प्रेरित एक नए युग में प्रवेश कर रहा है। ऐसे विशेष सत्रों के माध्यम से AIFI उद्योग से जुड़े सभी हितधारकों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाए रखने के लिए आवश्यक ज्ञान और संसाधन उपलब्ध कराने के प्रति प्रतिबद्ध है। जमशेदपुर में फोर्जिंग उद्योग जगत के लीडर्स और विशेषज्ञ पेशेवर की उत्साहपूर्ण भागीदारी पूर्वी भारत में फोर्जिंग उद्योग की बढ़ती गति को दर्शाती है। हमें इस क्षेत्र में AIFI की उपस्थिति को और मजबूत करने तथा उद्योग में सहयोग, नवाचार और क्षमता विकास को बढ़ावा देने पर गर्व है।”
चर्चा को आगे बढ़ाते हुए एचएफएम कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री जियोंग जोंग हो ने “पारंपरिक फोर्जिंग से स्मार्ट फोर्जिंग तक: आधुनिक प्रेस तकनीक कैसे प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाती है” विषय पर प्रस्तुति दी। उन्होंने बताया कि उन्नत प्रेस तकनीक, स्वचालन और बुद्धिमान विनिर्माण प्रणालियाँ किस प्रकार पारंपरिक फोर्जिंग प्रक्रियाओं को बदलकर गुणवत्ता, दक्षता और प्रतिस्पर्धात्मकता में वृद्धि कर रही हैं।
सत्र को और समृद्ध करते हुए इंडक्टोथर्म (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड के वरिष्ठ प्रबंधक – हीटिंग सेल्स श्री पार्थे पटेल ने “नॉन-फेरस इंडक्शन हीटिंग तकनीक और नवीनतम प्रगति” विषय पर प्रस्तुति दी। उन्होंने उभरती हुई इंडक्शन हीटिंग तकनीकों, नॉन-फेरस धातु प्रसंस्करण में उनके बढ़ते उपयोग तथा सटीकता, उत्पादकता और प्रक्रिया विश्वसनीयता बढ़ाने में उनकी भूमिका पर प्रकाश डाला।
अंतिम तकनीकी प्रस्तुति येस्कोल्यूब इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक श्री संदीप गायकवाड़ द्वारा “उच्च प्रदर्शन एवं किफायती फोर्जिंग डाई लुब्रिकेंट्स” विषय पर दी गई। उन्होंने उन्नत लुब्रिकेंट्स की महत्वपूर्ण भूमिका पर चर्चा करते हुए बताया कि ये डाई की आयु बढ़ाने, फोर्जिंग गुणवत्ता में सुधार करने, रखरखाव की आवश्यकता कम करने तथा लागत-प्रभावी विनिर्माण को समर्थन देने में सहायक हैं।

इस विशेष सत्र ने ज्ञान आदान-प्रदान को बढ़ावा देने, नई तकनीकों को अपनाने तथा फोर्जिंग उद्योग को अधिक स्मार्ट, टिकाऊ और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी विनिर्माण पद्धतियों की ओर अग्रसर करने की दिशा में AIFI की प्रतिबद्धता को पुनः स्थापित किया।
AIFI उद्योग सहभागिता को बढ़ावा देकर, नवाचार को प्रोत्साहित करके तथा ऐसे मंच उपलब्ध कराकर फोर्जिंग क्षेत्र का नेतृत्व करता रहेगा, जो इसके सदस्यों को बदलती बाजार आवश्यकताओं के अनुरूप ढलने में सहायता प्रदान करते हैं तथा भारत के औद्योगिक विकास और विनिर्माण उत्कृष्टता में योगदान देते हैं।


