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कारदेखो ने वित्त वर्ष 22 की पहली तिमाही में यात्री कारों के सर्च में 55% की बढ़ोतरी रिपोर्ट की
वित्त वर्ष 22 की पहली तिमाही के लिए यात्री कारों के सर्च की ट्रेंड्स रिपोर्ट जारी की
नई दिल्ली, जुलाई, 2021: प्रमुख ऑटो-टेक फर्म कारदेखो ने वित्त वर्ष 22 के दौरान अप्रैल-जून अवधि के के लिए अपने प्लेटफॉर्म पर यात्री कारों की सर्च को लेकर एक ट्रेंड रिपोर्ट जारी की है। नवीनतम रुझान ऑनलाइन सर्च और बदलते उपभोक्ता रुझानों में भारी वृद्धि का संकेत देते हैं। वित्त वर्ष 22 की पहली तिमाही में कंपनी के सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर 227 मिलियन लोगों ने विजिट किया, इसमें वित्त वर्ष 21 की समान अवधि के मुकाबले 55% की शानदार बढ़ोतरी देखने को मिली।
कोविड के बाद की दुनिया में उपभोक्ता के व्यवहार में एक गतिशील बदलाव देखने को मिला है। कोविड की पहली लहर ने यूजर्स को व्यक्तिगत वाहनों के लिए प्रेरित किया और दूसरी लहर ने इस रुझान को और गति दी। पिछले एक साल में उपभोक्ता व्यवहार में काफी बदलाव आया है, जिसमें उम्र, सेगमेंट और वैरिएंट तक में होने वाले बदलाव शामिल हैं।
सबसे बड़ा बदलाव इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की ओर बढ़ना रहा है। ईंधन की कीमतों में लगातार वृद्धि ने आईसीई इंजन से चलने वाले वाहनों के प्रति ग्राहकों के विश्वास को प्रभावित किया है। कार देखो प्लेटफॉर्म पर इलेक्ट्रिक वाहनों में वित्त वर्ष 2021 की समान अवधि की तुलना में वित्त वर्ष 2022 की पहली तिमाही (अप्रैल, मई और जून) में 224 प्रतिशत की भारी वृद्धि देखी गई।
ईवी स्पेस में सर्च का नेतृत्व टाटा मोटर्स के पास रहा। कुल सर्च ट्रैफिक के करीब 32% से ज्यादा हिस्सेदारी के साथ टाटा मोटर्स की टाटा नेक्सॉन ईवी सबसे ज्यादा खोजी गई कार रही। कंपनी के अन्य मॉडल टाटा टिगोर, नेक्सॉन और एमजी जेडएस ईवी की ईवी सेगमेंट के कुल ट्रैफिक में लगभग 50% हिस्सेदारी रही। ईवी सर्च के मामले में दिल्ली सबसे प्रमुख शहर रहा और इसके बाद अन्य महानगरों और मिनी-महानगर इस सूची में शामिल रहे। चौंकाने वाली बात यह रही है कि लखनऊ, जयपुर और पटना जैसे कई टियर 2 और 3 शहरों में इलेक्ट्रिक वाहनों के सर्च या खोज में तेजी देखी गई, जो इस सेगमेंट के शीर्ष दस शहरों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने में सफल रहे। खोजे गए अन्य प्रमुख ब्रांडों में स्ट्रॉम मोटर्स आर3, हुंडई कोना, महिंद्रा ई-वेरिटो, मारुति वैगनआर इलेक्ट्रिक और प्रीमियम जगुआर आई-पेस शामिल रहें।
ईंधन की बढ़ती कीमतों की वजह से इलेक्ट्रिक वाहनों की सर्च बाजार हिस्सेदारी पिछले साल 1.70 फीसदी से बढ़कर 3.39 फीसदी हो गई। पेट्रोल वैरिएंट्स इस सर्च में सबसे अग्रणी रहा लेकिन सर्च बाजार इसकी हिस्सेदारी 52.46 फीसदी से घटकर 50 फीसदी हो गई, जबकि डीजल वाहनों के लिए सर्च बाजार हिस्सेदारी में 1% की मामूली वृद्धि देखने को मिली।
क्रमांक मॉडल
1 हुंडई अल्काजार
2 हुंडई क्रीटा
3 किया सेल्टोस
4 महिंद्रा थार
5 मारुति स्विफ्ट
6 हुंडई वेन्यू
7 किया सॉनेट
8 टाटा नेक्सॉन
9 मारुति वैगनआर
10 मारुति बलेनो
जून 2021 में कार देखो पर सर्च की गई शीर्ष 10 कार
एसयूवी और कॉम्पैक्ट एसयूवी सेगमेंट ग्राहकों के विश्वास और सर्च की रफ्तार को बनाए हुए हैं। हाल ही में लॉन्च की गई हुंडई अल्काजार भारतीय बाजार में सबसे अधिक सर्च की जाने वाली कार रही। शीर्ष 10 सबसे अधिक खोजे गए वाहनों में से प्रत्येक में तीन उत्पादों के साथ मारुति और हुंडई इस क्षेत्र में अपना वर्चस्व बनाए हुए है। मारुति स्विफ्ट, वैगनआर और बलेनो के साथ सर्च में मारुति का दबदबा रहा, जबकि हुंडई अपनी प्रीमियम और कॉम्पैक्ट एसयूवी हुंडई अल्काजार, हुंडई क्रीटा और वेन्यू के साथ सर्च में अपना वर्चस्व बनाए हुए हैं।
एसयूवी और कॉम्पैक्ट एसयूवी के लिए भारतीय ग्राहकों की प्राथमिकता सात से अधिक एसयूवी मॉडल के प्रति देखी गई। शीर्ष 10 में शामिल अन्य एसयूवी में कोरियाई निर्माता किया मोटर्स की किया सेल्टोस और सॉनेट रहीं। इसके बाद महिंद्रा थार और टाटा नेक्सॉन का स्थान रहा।
जून 2021 में कार देखो पर कारों के बारे में ऑनलाइन सर्च करने वाले शीर्ष दस शहर
जून 2021 में कार देखो पर कारों के बारे में ऑनलाइन सर्च के मामले में दिल्ली सबसे शीर्ष पर रहा। वहीं दूसरे, तीसरे, नौंवें और दसवें पायदान पर टियर 2 शहर पुणे, लखनऊ, पटना और जयपुर काबिज रहे।
दक्षिणी और पूर्वी भारत के मेट्रो (महानगर) और मिनी मेट्रो (छोट महानगर) शहरों ने भी मजबूती से योगदान दिया और हैदराबाद, अहमदाबाद, बेंगलुरू, मुंबई और चेन्नई क्रमश: चौथे, पांचवें, छठें, सातवें और आठवें पायदान पर रहे।
करीब 40 से अधिक सर्च हिस्सेदारी के साथ टियर 2 और टियर 3 शहरों का इस मामले में दबदबा देखने को मिला।
ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन को मिल रही है गति
भारतीय ग्राहक नई तकनीकों की खोज कर रहे हैं और ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन को अपनाने की तरफ रुझान बढ़ रहा है। पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में इस क्षेत्र में पिछले वर्ष के 45.7 प्रतिशत की तुलना में पहली तिमाही में 48.5% हिस्सेदारी के साथ 3% से अधिक की औसत वृद्धि देखी गई। इस रफ्तार से ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन वाली कारें जल्द ही मैनुअल ट्रांसमिशन कारों के सर्च से आगे निकल जाएंगी। मैनुअल और ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन के बीच सर्च का अंतर 2020 की पहली तिमाही के 8.3% से घटकर वित्त वर्ष 2021 की पहली तिमाही में 3% हो गया।
एसयूवी रहीं सबसे आगे
हैचबैक और सेडान सेगमेंट की ऑनलाइन सर्च हिस्सेदारी में लगातार गिरावट आई है। वहीं मई और जून 2020 में शुरुआती गिरावट के बाद सकारात्मक गति बनाए रखने वाली एसयूवी सेगमेंट में 2020 की पहली तिमाही में 27.5 फीसदी की तुलना में 2021 की पहली तिमाही 38.8 प्रतिशत की औसत के साथ 11 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि देखी गई। हैचबैक पिछले कई वर्षों से भारतीय ऑटोमोबाइल उद्योग की रीढ़ रही है, लेकिन लंबे समय के बाद इस सेगमेंट में नकारात्मक ग्रोथ की स्थिति देखी जा रही है। हालांकि यह मामूली एक फीसदी से भी कम है। एसयूवी सेगमेंट अब भारत में सर्च और उपभोक्ताओं के रुझान पर हावी है।
वरिष्ठ नागरिक और 45 से अधिक की उम्र के लोगों ने निजी वाहन को प्राथमिकता दी
सामाजिक दूरी या सोशल डिस्टेंसिंग अब न्यू नॉर्मल है और इसने वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा संबंधी चिंताओं को प्रभावित किया है। 65 वर्ष से अधिक आयु के ग्राहकों द्वारा सर्च में 246 प्रतिशत से अधिक की उल्लेखनीय वृद्धि इन चिंताओं की पुष्टि करती है। इसी तरह की वृद्धि 55-64 आयु वर्ग (148 प्रतिशत) और 45-54 आयु वर्ग (210 प्रतिशत) के बीच देखी गई।
जबकि 18-24 और 25-34 आयु समूहों में समग्र औसत वृद्धि क्रमशः 70 और 21 प्रतिशत थी, जो कुल सर्च हिस्सेदारी में सर्वाधिक है।
कार रिसर्च के लिए मोबाइल सर्वधिक लोकप्रिय उपकरण
कारों के बारे में रिसर्च करने के लिए मोबाइल सबसे लोकप्रिय उपकरण बना रहा और 90% ऑनलाइन सर्च इसी के जरिए हो रहे हैं। मोबाइल के भीतर भी अधिकांश यूजर्स अब डब्लूएपी (वैप) की बजाय ऐप्प को पसंद कर रहे हैं क्योंकि इस पर सर्च के दौरान उन्हें बेहतर अनुभव मिलता है। कार देखो मोबाइल ऐप्प के कंज्यूमर ट्रैफिक हिस्सेदारी से इसकी पुष्टि होती है, जो वर्ष 2020 की पहली तिमाही के मुकाबले काफी बढ़ चुका है।


