- जल संरक्षण पर डॉ. ए.के. द्विवेदी के सुझावों की मंत्री तुलसी सिलावट ने की सराहना, अधिकारियों को शीघ्र कार्यवाही के दिए निर्देश
- Raj Kundra on the Ongoing Pornography Case: I am ready to give up my life if I am found guilty
- पुरी रथ यात्रा से पहले एयरटेल ने पूरे ओडिशा में अपने नेटवर्क को और मजबूत किया
- A Menstrual Hygiene Initiative Fueled Manushi Chhillar's Win for Miss India 2017 Crown
- जेएसडब्ल्यू एमजी मोटर इंडिया ने एमजी एडाप्ट का किया अनावरण
स्वच्छ और प्रदूषण रहित है परमाणु उर्जा
परमाणु ऊर्जा पर फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम
इंदौर. परमाणु उर्जा दुनिया का भविष्य है. यह स्वच्छ और प्रदूषण रहित उर्जा है. आने वाले समय में उर्जा की ज्यादातर जरुरते परमाणु उर्जा से ही पूरी होंगी. देश में परमाणु को लेकर लोगों में काफी भ्रांतिया है जिन्हें दूर करने के लिए लगातार सरकार अभियान चला रही है. इसे प्लांट में जगह भी कम लगती है. अन्य ईंधन की अपेक्षा इससे कम मात्रा में ज्यादा ऊर्जा बनात है.
उपरोक्त विचार भाभा एटामिक रिसर्च सेंटर के कृष्ण गुप्ता ने परमाणु ऊर्जा स्वस्छ एवं वैक्ल्पिक ऊर्जा स्त्रोत पर चमेली देवी संस्थान दो दिवसीय फैकल्डी डेवलपमेंट प्रोग्राम के शुभारंभ के अवसर पर व्यक्त किये. उन्होंने परमाणु ऊर्जा के भविष्य, ग्रामीण जीवन स्तर पर उसके प्रभाव तथा परमाणु ऊर्जा का बिजली एवं ईंधन के विकल्प के बारे में महत्वपुर्ण जानकारी प्रदान की.
एनपीसीआईएल डॉ. ए.एस. प्रधान ने न्यूक्लियर रिऐक्टर के प्रकार, कार्य एवं भारत में सचालित विभिन्न परमाणु ऊर्जा कार्यक्रमों के बारे में बहुमुल्य जानकारी प्रदान की. उन्होने उपस्थित श्रोताओं द्वारा परमाणु उत्सर्जन संबंधित प्रष्नो का उत्तर दे कर स्टुडेंटस कि जिज्ञासा का निवाकरण किया.
डॉ. प्रधान ने बताया कि भारत में भविष्य में ऊर्जा की मांग बढ़ेगी. देश कोशिश कर रहा है कि गांव-गांव तक बिजली पहुंचे. इसमें परमाणु ऊर्जा अहम भूमिका निभाएगी. हम देश में विभिन्न स्थानों पर रिएक्टर प्लांट चला रहे है. वर्तमान में इनकी संख्या 22 है और भविष्य में 10 और स्थापित किए जाना है.

आरआर केट इंदौर के डॉ. पुरुषोत्तम श्रीवास्तव ने आरआर केट के परमाणु ऊर्जा के विकास में योगदान के बारे में बताया. संस्था के गु्रप डायरेक्टर डॉ. जाय बैनर्जी ने कार्यक्रम के वरिष्ठ वक्ताओ का स्वागत किया. डीन डॉ. के. एस. जयराम ने देश की ऊर्जा आपुर्ति के बारे में बताया तथा स्वस्छ ऊर्जा के महत्व पर प्रकाश डाला.
कार्यक्रम के समन्वयक प्रोफेसर अरविंद कुमार श्रीमाली ने बताया कि एफ.डी.पी का संचालन भारत सरकार के परमाणु ऊर्जा विभाग के वरिष्ठ वैज्ञानिक वक्ताओं द्वारा किया गया.
न्युकलियर पावर कार्पोरेषन ऑफ इंडिया भाभा एटामिक रिसर्च सेंटर एवं राजा रमन्ना सेंटर फॉर एंडवास टेक्नालाजी के विदवान वक्ताओ में परमाणु ऊर्जा एवं उसके दैनिक दिनचर्या पर प्रभाव के बारे में आपने विचार प्रकट किए।


