- इंदौर पिंक पैंथर्स मध्य प्रदेश लीग (MPL) T20-2026 में चैंपियन बनने के लक्ष्य के साथ उतरने को तैयार; टीम ने अपनी सोच और तैयारियों का रोडमैप साझा किया
- द क्रश कॉफी पर अब होगा खास संडे ब्रन्च
- जल, जीवन और जमीन के संरक्षण के लिए वृक्षारोपण आवश्यक : डॉ. ए.के. द्विवेदी
- Triptii Dimri Dives into Comedy with Maa Behen! A Full-Blown Comedy Caper Coming Up Next?
- The Rise of Ram Charan as Indian Cinema’s Complete Hero
बिजली कंपनी को नई तकनीक देगा आईआईटी
दल ने किया बिजली कंपनी का दौरा, स्मार्ट मीटर कंट्रोल सेंटर देखा
इंदौर. भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) इंदौर बिजली कंपनी के लिए नई तकनीक उपलब्ध कराएगा, इससे कंपनी और उपभोक्ता दोनों को फायदा मिलेगा.
यह बात आईआईटी के दो सदस्यी दल ने बिजली कंपनी के दौरे में कही. आईआईटी इंदौर से डॉ. तृप्ति जैन के नेतत्व में दो सदस्यी दल बिजली वितरण कंपनी को पोलोग्राउंड मुख्यालय पहुंचा. दल ने स्मार्ट मीटर के लिए विशेष रूप से बनाया हाईटेक कंट्रोल सेंटर देखा. इस दौरान शहर में वर्ष 2018 से लेकर अब तक स्मार्ट मीटर की योजना के कार्य, तकनीकी उन्नयन, उपभोक्ता सुविधा, देशभर में स्मार्ट मीटरिंग को लेकर की जा रही नालेज शेयरिंग, सही रीडिंग, सही बिलिंग के बाद विवादों में अत्यंत कमी और अन्य कार्य, उपलब्धियों के बारे में दल को जानकारी दी गई.
इस दौरान डॉ. तप्ति जैन ने कहा कि आईआईटी के इलेक्टि्रकल इंजीनियरिंग शाखा बिजली कंपनी की मदद करेगी. हम आपके लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग टूल्स उपलबध कराएंगे. इसके लिए प्रोफेसर और विद्यार्थी मिलकर कार्य करेंगे. यह कार्य आईआईटी और बिजली कंपनी के लिए बहुत ही उपयोगी रहेगा.
इस दौरान स्मार्ट मीटर सेल के अधीक्षण यंत्री श्री डीएस चौहान और कंट्रोल सेंटर प्रभारी नवीन गुप्ता ने पावर पाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से स्मार्ट मीटर इंदौर की विकास यात्रा के हर पहलू का चित्रण प्रस्तुत किया. बताया गया कि स्मार्ट मीटर प्रत्येक उपभोक्ता का दैनिक विभिन्न प्रकार का डाटा उपलब्ध कराता है। इस डाटा का बिजली कंपनी और ऊर्जा विभाग के साथ ही आईआईटी की इलेट्रिकल इंजीनियरिंग शाखा उपयोग करेगी.
प्रबंध निदेशक ने बताया स्वागतयोग्य
मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक अमित तोमर ने आईआईटी के दल के दौरे को स्वागत योग्य बताया व कहा कि आईआईटी इंदौर सतत ही बिजली कंपनी की मदद करती है. हमारे बोर्ड में भी आईआईटी का सदस्य होता है, आईआईटी की पहल निश्चित ही ऊर्जा क्षेत्र के लिए मिल का पत्थर साबित होगी.


