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डेंगू से बचाव ही सबसे कारगर उपाय : होम्योपैथिक विशेषज्ञ डॉ. ए.के. द्विवेदी
इंदौर, । राष्ट्रीय डेंगू दिवस के अवसर पर प्रसिद्ध होम्योपैथिक विशेषज्ञ एवं एडवांस्ड होम्यो हेल्थ सेंटर तथा होम्योपैथिक मेडिकल रिसर्च प्रा. लि., गीता भवन, इंदौर के निदेशक डॉ. ए.के. द्विवेदी ने औपचारिक चर्चा में बताया कि वे पिछले 27 वर्षों से डेंगू जैसी गंभीर बीमारी के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने और इसके प्रभावी होम्योपैथिक उपचार में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि डेंगू केवल अत्यंत पीड़ादायक ही नहीं, बल्कि समय पर उचित उपचार न मिलने पर प्राणघातक भी हो सकता है।
डॉ. द्विवेदी के अनुसार, डेंगू से बचाव, उपचार से कहीं अधिक सरल, प्रभावी और सुरक्षित उपाय है। स्वच्छता बनाए रखना, मच्छरों से बचाव करना और जलभराव को रोकना—ये कुछ साधारण लेकिन बेहद महत्वपूर्ण प्रयास हैं जो डेंगू को फैलने से रोक सकते हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि होम्योपैथिक चिकित्सा पद्धति में डेंगू का सुरक्षित और प्रभावी इलाज उपलब्ध है, जिससे प्लेटलेट्स की संख्या को प्राकृतिक रूप से बढ़ाया जा सकता है और रोगी की प्रतिरक्षा प्रणाली को भी मज़बूती मिलती है।
अपने अनुभव साझा करते हुए डॉ. द्विवेदी ने कहा कि उन्होंने एडवांस्ड होम्यो हेल्थ सेंटर इंदौर से हजारों डेंगू मरीजों का सफल इलाज किया है। समय पर उपचार मिलने से अधिकांश रोगियों को अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता नहीं पड़ी और वे बिना किसी जटिलता के पूर्णतः स्वस्थ हो गए।
डॉ. द्विवेदी ने नागरिकों से अपील की कि मानसून के दौरान विशेष सतर्कता बरतें—घर व आसपास पानी जमा न होने दें, मच्छरदानी और मच्छर निरोधक उपायों का नियमित रूप से उपयोग करें। साथ ही यदि बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द या प्लेटलेट्स की कमी जैसे लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत किसी योग्य होम्योपैथिक चिकित्सक से परामर्श लें।
अंत में डॉ. ए.के. द्विवेदी ने बल देते हुए कहा कि,
“डेंगू की रोकथाम केवल व्यक्तिगत नहीं, सामूहिक जिम्मेदारी है। यदि समय रहते जागरूकता और सतर्कता बरती जाए, तो इस गंभीर बीमारी को आसानी से हराया जा सकता है।”
सम्पूर्ण इंदौरवासियों के स्वास्थ्य और कल्याण के लिए समर्पित


