- Karisma Kapoor Recalls Salman Khan’s Effortless Charm and 90s Swag Through Contestant Prathamesh’s Performance on India’s Best Dancer Season 5
- Shakti Pumps (India) Limited Collaborates with Salesforce to Accelerate AI-Led Digital Transformation for India's Agricultural Sector
- शक्ति पंप्स की सेल्सफोर्स के साथ पार्टनरशिप,एआई के ज़रिए कृषि क्षेत्र में डिजिटल बदलाव को मिलेगी रफ्तार
- लॉक अप सीजन 2 ने Ormax StreamView Top 10 में 3.2 मिलियन व्यूज़ के साथ बनाई जगह, दर्शकों का प्यार जीतना जारी
- Lock Upp Season 2 garners 3.2M views in Ormax StreamView Top 10, Continues Winning Hearts
हृदय रोग और उनसे बचने के उपाय के बारें में बताया
इंदौर. भारत में दिल की बीमारियां बहुत सामान्य हैं और वर्तमान में भारत में हृदय रोग के लगभग तीन करोड़ रोगी हैं. बढ़ते हृदय रोग और इससे जुड़े रिस्क फैक्टर्स की जागरूकता बढाने के लिए शहर के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. अलकेश जैन ने लोगों को हृदय की कार्यप्रणाली, हृदय रोग और उनसे बचने के उपाय के बारें में बताया.
कॉर्डियोलॉजिस्ट डॉ. जैन ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए बताया कि एक अध्ययन के अनुसार, वर्तमान में देश में सीएचडी (कोरोनरी हार्ट डिसीज़) के 30 मिलियन से ज्यादा केसेस हैं. पिछले 40 वर्षों में भारत में सीएचडी के प्रसार में 4 गुना वृद्धि हुई है. इस अध्ययन के अनुसार यह तथ्य सामने आए हैं कि देश में सीएचडी जैसी गंभीर बीमारी और इसके रिस्क फैक्टर्स में वृद्धि हो रही है. यह एक चिंता का विषय है और इसके लिए लोगों में जागरूकता बढ़ाने की सख्त ज़रूरत है. साथ ही साथ ह्रदय की बीमारियों से जुड़े रिस्क फैक्टर्स को रोकने के लिए तत्काल उपाय किए जाने की आवश्यकता है.
उन्होंने बताया कि लोगों को हृदय रोग और उनसे बचने के उपाय के प्रति जागरूक करने के लिए दुनिया भर में हर साल 29 सितंबर को विश्व ह्रदय दिवस मनाया जाता है. वर्ल्ड हार्ट फेडरेशन कार्डियोलॉजिस्ट और हेल्थ केयर प्रोफेशनल्स को मार्गदर्शित करता है ताकि भारत में दिल की बीमारियों को कम किया जा सके. हर साल यह एक नई थीम देकर लोगों में जागरूकता बढाता हैं. इस साल की थीम माय हार्ट: योर हार्ट है. इस थीम का मतलब है कि हमें अपने दिल के साथ साथ दूसरों के दिल की देखभाल करने के लिए भी खुद को प्रोत्साहित करना चाहिए.
ऐसे रखें दिल को स्वस्थ
डॉ. जैन ने उपाय बताते हुए कहा कि दिनचर्या में व्यायाम शामिल करें, पैदल चलने की आदत डालें. धूम्रपान और तंबाकू का प्रयोग बिलकुल ना करें, क्योंकि यह हृदय के लिए अत्यंत घातक है. अपने खान पान पर ध्यान दें, ताजे फल, सब्जियों और ड्राय फ्रूट्स जैसे बादाम और अखरोट इत्यादि को आहार में शामिल करें. जंक फूड से बचें. अपने बीपी, शुगर और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित रखें.


