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शहर में एशियन गेम्स के ट्रायल्स प्रारंभ
इंदौर. इंडोनेशिया (जकार्ता) में अगस्त माह में आयोजित होने वाले एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम के ट्रायल्स आज महूनाका स्थित लक्ष्मणसिंह चौहान तरूण पुस्कर पर प्रारंभ हुए।
इस ट्रायल्स में देश भर के लगभग 100 खिलाड़ी अपनी चुनौती दो दिनां तक पेश करेंगे। पहले दिन ट्रायल्स के पूर्व स्कील टेस्ट, स्विमिंग, रनिंग, फिजिकल फिटनेस सहित तमाम प्रक्रियाओं से खिलाडिय़ों को गुजरना पड़ा और फिर इसके बाद मुकाबले प्रारंभ हुए। स्विमिंग पुल में नाव के अंदर खिलाड़ी जिस तरफ से संतुलित होकर प्रदर्शन कर रहे थे वह काफी रोमांचक लग रहा था। इस दौरान चयनकार्ता के रूप में महाराष्ट्र के दत्ता पाटिल, केरल के फिलिप मेथ्यु, बिहार के एस.एम. हाशमी तथा म.प्र. के विनोद मिश्रा खिलाडिय़ों के प्रदर्शन का परख रहे थे। लोकल कोच की भूमिका कुलदीप किर व सागर तोंडे निभा रहे है। इस ट्रायल्स के बाद 6 पुरूष तथा 6 महिला खिलाडिय़ों का चयन होगा और इन चयनित खिलाडिय़ों के 3 विशेष शिविर भी एशियन गेम्स के पूर्व आयोजित किए जाएगे। एक शिविर की मेजबानी इन्दौर को मिलेगी। ट्रायल्स का शुभारंभ भारतीय संघ के महासचिव प्रशांत कुशवाह, एकलव्यसिंह गौड़, लोकेन्द्र राठौर, विरेन्द्र शेंडगे के आतिथ्य में किया गया। संचालन योगेन्द्रसिंह राठौर ने किया तथा आभार आनंद पाठक ने माना।
इस रोमांचकारी खेल को बढ़ावा देना मुख्य लक्ष्य
हाल ही में भारतीय कायाकिंग व केनाइंग संघ के नव निर्वाचित महासचिव प्रशांत कुशवाह ने कहा कि वह वॉटर स्पोर्ट्स को ज्यादा से ज्यादा बढ़ावा देना चाहते है। उन्होनें कहा कि वर्तमान में इस खेल में 27 राज्य व 6 युनिट भारतीय संघ से रजिस्ट्रड है और हमें इन सभी राज्यों को आर्थिक व खेल के अन्य पहलुओं से मजबुत बनाना होगा। यह खेल काफी खर्चिला है। एक नाव व एक खिलाड़ी के उपकरण 3 लाख रूपये के आते है। इसलिए हमारा प्रयास यही है कि हम सभी युनिटों को ज्यादा से ज्यादा खेल सामग्री उपलब्ध कराए। इस संबंध में भारतीय ओलंपिक संघ, खेल प्राधिकरण तथा केन्द्र सरकार से हमारी बातचीत जारी है और उम्मीद है कि हमें जल्द सफलता मिलेगी। खिलाडिय़ों को हम ज्यादा से ज्यादा अंतराष्ट्रीय मंच देना चाहते है। पिछले वर्ष संघ ने कुछ खिलाडिय़ों को विदेशी दौरे पर भेजा था और फॉरेन कोच भी भारत बुलाए थे और यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। एशियन गेम्स के लिए भी हमारे खिलाड़ी कड़ी तैयारी कर रहे है और मुझे उम्मीद है कि वह जरूर सफल होंगे।


