- Toxics Link Welcomes CDSCO’s Nationwide Action Against Toxic Skin-Lightening Products
- bajaj Electricals comes on board as co-Powered by sponsor for Bigg Boss Hindi Season 20
- Rupali Suri, Manushi Chhillar and Malaika Arora Rule the Fashion Game: 3 Style Icons Who Continue to Turn Heads
- From Hathoda Tyagi to Jana: 7 Roles That Show Abhishek Banerjee’s Range
- Rohit Saraf on Undergoing 15-Months of Physical Transformation for The Revolutionaries: I was active, I was fit, but I was definitely not Brad Pitt from Fight Club
सायबर वर्ल्ड में सुरक्षा एक चैलेंज: कपूर
इंदौर. अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक वरूण कपूर द्वारा ब्लैक रिबन इनिशिएटिव के तहत सायबर जागरूकता अभियान की 280 वीं कार्यशाला का आयोजन डॉ. भीमराव अंबेडकर सामाजिक विज्ञान विश्वविद्यालय, महू के सभागृह में किया गया. यह आयोजन विवि और मप्र पुलिस अकादमी, भोपाल के संयुक्त तत्वावधान में संचालित पुलिस प्रशासन में स्नातकोत्तकर डिग्री पाठ्यक्रम ओरिएंटेशन प्रोग्राम-2018 के अंतर्गत 39वें बैंच के परिवीक्षाधीन उप पुलिस अधीक्षकों व विश्वविद्यालय के फेकल्टी मेंबर्स को सायबर सुरक्षा एवं सायबर क्राइम के विभिन्न आयामों के बारे में जानकारी के साथ-साथ आईटी एक्ट की जानकारी भी दी गई.
डॉ. भीमराव अंबेडकर सामाजिक विज्ञान विश्वविद्यालय, महू के सभागृह में परिवीक्षाधीन उप पुलिस अधीक्षकों के लिये सायबर सिक्युटी व सायबर क्राईम विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया. कार्यशाला को संबोधित करते हुए अति. पुलिस महानिदेशक श्री कपूर ने कहा कि पुलिस की पहली प्राथमिकता अपराध को रोकना होना चाहिये. इसके लिये आवश्यक है कि पुलिस अपना व्यवहार नागरिकों से अच्छा रखें. सायबर वल्र्ड में सुरक्षा एक चैलेंज हैं, जिसे उपयोगकर्ता द्वारा जागरूकता के माध्यम से किया जा सकता है. सायबर अपराध वास्तविक दुनिया का अपराध नहीं है यह काल्पनिक संसार का अपराध है जो कि टेक्नॉलॉजी आधारित अपराध है. अत: जानकारी होना बहुत ही आवश्यक है, ताकि उससे बचाव हो सकें.
वास्तविक दुनिया के नियम काल्पनिक संसार में भी अपनाने से सायबर अपराधों में वृद्धि हो रही है. विभिन्न सायबर अपराधों के बारे में जानकारी देने के साथ-साथ डिजिटल फुटप्रिंट के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए बताया गया कि अपने डिजिटल फुटप्रिंट सोच समझकर बनाए क्योंकि जो डिजिटल फुटप्रिंट एकबार बन गया उसे कभी भी नहीं मिटाया जा सकता है. डिजिटल वल्र्ड में आपके द्वारा की गई गतिविधि कभी भी प्राप्त की जा सकती है. सोशल नेटवर्किंग पर जानकारी क्या सावधानियॉं अपनाना चाहिये इसकी जानकारी देते हुए बताया कि कभी भी अपना फोन नंबर, पता न पोस्ट करें, इसके साथ ही कभी भी समय व स्थान के साथ जानकारी अद्यतन न करें. प्रायवेसी सेटिंग का ध्यान रखें और फ्रेण्ड्स ओनली प्रायवेसी सेटिंग रखें और हमेशा स्ट्रीट स्मार्ट रहे.
ऑनलाइन फ्रॉड से बचने के उपाय बताए
सायबर स्टॉकिंग,फेसबुक स्टॉकिंग, सायबर मार्फिंग, सायबर बुलिंग, जिओ टेगिंग, सायबर टेरेरिज्म, फेक प्रोफाईल, फिशिंग अटैक, आदि के बारे में भी अवगत कराया गया. बैंकिंग फ्रॉड, एटीएम फ्रॉड व अन्य प्रलोभन देकर जो आधुनिक अपराध घटित हो रहे है, उनके कारण व उनसे बचने के उपाय भी बताये. इस अवसर पर उपस्थित प्रशिक्षु अधिकारियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया. इस अवसर पर विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. एच.एस. त्रिपाठी ने श्री कपूर को प्रशंसा पत्र प्रदान कर कार्यक्रम का समापन किया. कार्यशाला में विश्वविद्यालय के डीन एवं डायरेक्टर प्रोफे. डी.के.वर्मा व उप पुलिस अधीक्षक पीआरटीएस, सुभाष सिंह भी उपस्थित रहे.


