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जैपुरिया इंदौर का 14वां दीक्षांत समारोह सम्पन्न; वर्ष 2026 का बैच दुनिया का नेतृत्व करने को तैयार
इंदौर, 13 जून 2026: जैपुरिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, इंदौर में 14वें वार्षिक दीक्षांत समारोह का भव्य आयोजन किया गया। यह समारोह विद्यार्थियों और शोधार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों, समर्पण और उत्कृष्टता का उत्सव रहा। इस अवसर पर पीजीडीएम बैच 2024-26 के 176 विद्यार्थियों तथा फेलो प्रोग्राम इन मैनेजमेंट (एफपीएम) के 2 शोधार्थियों को उनकी उपाधियां प्रदान की गईं।
समारोह के मुख्य अतिथि पीडब्ल्यूसी इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर (डेटा एवं एनालिटिक्स) श्री शिवप्रसाद जुलुरी थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जैपुरिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के उपाध्यक्ष श्री श्रीवत्स जैपुरिया ने की। इस अवसर पर बोर्ड के सदस्य, शिक्षाविद्, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, पूर्व छात्र, संकाय सदस्य, विद्यार्थी एवं उनके अभिभावक उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में श्री श्रीवत्स जैपुरिया ने विद्यार्थियों को आजीवन सीखते रहने, नैतिक मूल्यों को अपनाने तथा जिम्मेदार नेतृत्व का परिचय देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आज के युवा केवल अपने करियर ही नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के भविष्य को भी दिशा देने की क्षमता रखते हैं।
संस्थान के निदेशक डॉ. दीपांकर चक्रवर्ती ने वार्षिक प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए शैक्षणिक उत्कृष्टता, शोध, उद्योग सहभागिता, नवाचार तथा छात्र उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि संस्थान उद्यमिता, अनुभवात्मक शिक्षण, उद्योग-अकादमिक सहयोग और सामाजिक उत्तरदायित्व आधारित पहलों के माध्यम से ऐसे प्रबंधकीय नेताओं का निर्माण कर रहा है जो व्यवसायिक सफलता के साथ-साथ समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने में सक्षम हों। उन्होंने नवाचार, स्थिरता (सस्टेनेबिलिटी), सामुदायिक सहभागिता और उद्योग सहयोग को संस्थान की प्रमुख उपलब्धियों के रूप में रेखांकित किया।
समारोह में शैक्षणिक उत्कृष्टता के लिए विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। सुश्री आशी श्रीवास्तव को पीजीडीएम कार्यक्रम में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर प्रतिष्ठित चेयरमैन गोल्ड मेडल प्रदान किया गया। श्री आकाश विजयवर्गीय को वाइस-चेयरमैन सिल्वर मेडल तथा श्री प्रथम तेजवानी को डायरेक्टर ब्रॉन्ज मेडल से सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त वित्त, बिजनेस एनालिटिक्स, मार्केटिंग, मानव संसाधन और ऑपरेशंस मैनेजमेंट सहित विभिन्न विशेषज्ञता क्षेत्रों के टॉपर्स को मेरिट प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।
समारोह का एक विशेष आकर्षण ‘बेस्ट एलुमनाई अवॉर्ड 2026’ रहा, जो सुश्री मध्यंतिका मेहरा (बैच 2014-16) को उनके उल्लेखनीय पेशेवर योगदान और संस्थान से सतत जुड़ाव के लिए प्रदान किया गया।
दीक्षांत भाषण में श्री शिवप्रसाद जुलुरी ने विद्यार्थियों को तेजी से बदलती तकनीकी दुनिया में निरंतर सीखते रहने, नई तकनीकों को अपनाने और नवाचार के माध्यम से प्रभाव उत्पन्न करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता, डेटा एनालिटिक्स और डिजिटल परिवर्तन के युग में वही लोग सफल होंगे जो तकनीकी दक्षता के साथ मानवीय मूल्यों और नेतृत्व क्षमता का संतुलन बनाए रखेंगे।
यह दीक्षांत समारोह केवल डिग्री वितरण का अवसर नहीं था, बल्कि विद्यार्थियों के संघर्ष, सीखने की यात्रा, आत्म-विकास और उपलब्धियों का उत्सव भी था। समारोह ने इस बात को रेखांकित किया कि जैपुरिया इंदौर अपने विद्यार्थियों को केवल पेशेवर सफलता के लिए ही नहीं, बल्कि जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक बनने के लिए भी तैयार करता है।
यह अवसर विद्यार्थियों के अभिभावकों और संकाय सदस्यों के लिए भी अत्यंत भावुक और गौरवपूर्ण रहा। वर्षों की मेहनत, समर्पण और मार्गदर्शन का परिणाम अपने बच्चों और विद्यार्थियों को मंच पर सम्मानित होते देखकर उनके चेहरे गर्व से खिल उठे। सभी ने स्नातकों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
राष्ट्रीय गान, धन्यवाद ज्ञापन और समूह छायाचित्र के साथ समारोह का समापन हुआ। वर्ष 2026 का यह बैच अब अपने ज्ञान, कौशल और मूल्यों के साथ नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है। जैपुरिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, इंदौर भविष्य में भी ऐसे नेतृत्वकर्ताओं के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है जो नवाचार, सतत विकास और सामाजिक परिवर्तन के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दें।


