- Shakti Pumps Showcases Integrated Solar Portfolio and Signs MoU with International Solar Alliance at Bharat Renewable Energy Summit & Expo 2026
- लेनोवो ने अमर बाबू को बनाया मोटोरोला मोबिलिटी का नया प्रेसिडेंट
- Shiamak Davar, Hans Zimmer to Nitesh Tiwari: Ramayana Brings the Brilliance of Cinematic Maestros
- “I feel really quite lucky to be there”: Saif Ali Khan on family, fatherhood and the joy of having everyone under one roof
- रामायण के प्रीमियर पर शीना चौहान ने नितेश तिवारी द्वारा सीता के नए रूप की कल्पना और महाकाव्य की महिला पात्रों के सशक्त चित्रण की सराहना की।
मध्य प्रदेश में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग द्वारा पहली सुनवाई
लॉक डाउन के कारण न्यायालयों में हो रहा सूचना प्रोद्यौगिकी का उपयोग
इंदौर. मंगलवार को सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्री मनीष शर्मा, ग्वालियर द्वारा 4 महत्वपूर्ण प्रकरणों में वीडियो कॉन्फ्रें सिग के माध्यम से मध्य प्रदेश राज्य का प्रतिनिधित्व किया गया।
प्रमुख जनसंपर्क अधिकारी श्रीमती मोसमी तिवारी, लोक अभियोजन द्वारा बताया गया कि सम्पूर्ण मध्य प्रदेश कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण राज्य की समस्त जिला अदालतों में अत्यावश्यक मामलों की सुनवाई की जा रही है तथा उच्च न्यायालय जबलपुर के आदेशानुसार समस्त जिला न्यायालयों में वीडियो कॉन्फ्रें सिंग के माध्यम से मामलों की सुनवाई के निर्देश जारी किये गये हैं।
इसी तारतम्य में ग्वालियर संभाग की जिला अदालतों में वीडियो कॉन्फ्रें सिंग के माध्यम से सुनवाई को सुचारू रूप से क्रियान्वित करने के लिए श्री ए.के. मंसूरी, विशेष न्यायाधीश (विद्युत अधिनियम) ग्वालियर को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
श्री पुरूषोत्तम शर्मा संचालक लोक अभियोजन म0प्र0 द्वारा समस्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी मध्य प्रदेश को वीडियो एप के माध्यम से वीडियो कॉन्फ्रें सिंग कर मामलों के त्वरित निराकरण हेतु निर्देश जारी किये गये हैं।

श्रीमती तिवारी ने आगे बताया कि जिला न्यायालय ग्वालियर में श्री ए.के. मंसूरी, विशेष न्यायाधीश (विद्युत अधिनियम) ग्वालियर एवं विशेष नगर निगम मजिस्ट्रेट श्री एम.एन.एच. रजवी द्वारा वीडियो कॉन्फ्रें सिंग के माध्यम से प्रकरणों की सुनवाई की गई।
खास बात यह रही कि न्यायालय के समक्ष सुनवाई के दौरान शासन का पक्ष रखने वाले शासकीय अधिवक्ता एवं अभियोजन अधिकारी ने न्यायालय में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित न होकर वीडियो कॉन्फ्रें सिंग के माध्यम से ही शासन की ओर से पैरवी की।
न्यायालय द्वारा मामलों की सुनवाई प्रारंभ करने के पूर्व ए.जी.पी. एवं ए.डी.पी.ओ. को वीडियो कॉन्फ्रें सिंग एप (Vidyo) के माध्यम से लिंक प्रेषित की गई जिसके माध्यम से शासकीय अधिवक्ता न्यायालय की वीडियो कॉन्फ्रें सिंग यूनिट से जुड़ गये।
न्यायालय श्री ए.के. मंसूरी, विशेष न्यायाधीश (विद्युत अधिनियम) ग्वालियर के समक्ष श्री घनश्याम मंगल, अतिरिक्त शासकीय अधिवक्ता एवं विशेष नगर निगम मजिस्ट्रेट श्री एम.एन.एच. रजवी के समक्ष श्री मनीष शर्मां ए.डी.पी.ओ द्वारा पेरवी की गई।
श्री ए.के. मंसूरी द्वारा बताया गया कि अधिवक्तागण भी अपने घर बैठे ही वीडियो कॉन्फ्रें सिंग के माध्यम से न्यायालय के समक्ष अपना पक्ष रख सकते हैं। इस संबंध में माननीय जिला न्यायाधीश श्री दीपक कुमार अग्रवाल द्वारा विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किये गये हैं।
वर्तमान परिस्थितियों को दृष्टिगत् रखते हुए न्यायालयीन कार्यवाही में सूचना प्रोद्यौगिकी का उपयोग किया जाना न केवल अपेक्षित है अपितु संक्रमण को रोकने के लिए आवश्यक भी है।
विशेष नगर निगम मजिस्ट्रेट के समक्ष सुनवाई के दौरान थाना पुरानी छावनी से अभियुक्त गौरव उर्फ पैंदी को प्रस्तुत किया गया जिसके विरूद्ध दिनांक 19/04/2020 को फरियादी मुकेश शिवहरे की शराब की दुकान में दीवार तोड़कर चोरी करने का आरोप था, ए.डी.पी.ओ. द्वारा अभियुक्त के जमानत आवेदन का विरोध किया गया जिसके उपरांत न्यायालय द्वारा दोनों पक्षों को सुनकर अपराध की गंभीर प्रकृति को देखते हुए उसकी जमानत निरस्त की गई।


