- कारगिल विजय दिवस पर टीम हेल्थकेयर सोल्जर्स का विशेष कार्यक्रम
- Shimmer Gowns to Lavender Ethnics: Triptii Dimri Serves a Blend of Traditional and Modern Fashion
- Pooja Hegde Shares Wholesome BTS Clicks with Thalapathy Vijay as Jana Nayagan Releases, Pens ‘One Last Time’
- Bhumi Satish Pednekkar Requests Sonam Wangchuk to End his Indefinite Fast, Says "Your concerns have resonated with people across the country, and we are beginning to see progress"
- प्रोफेशनल हेयर स्टाइलिस्ट बनने का सपना होगा पूरा
एनसीएच का परिपत्र होम्योपैथी चिकित्सकों के सम्मान की रक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम : डॉ. ए.के. द्विवेदी
इंदौर, 8 जून। राष्ट्रीय होम्योपैथी आयोग (NCH) के बोर्ड ऑफ एथिक्स एंड रजिस्ट्रेशन फॉर होम्योपैथी (BERH) द्वारा जारी हालिया परिपत्र का देशभर के होम्योपैथिक चिकित्सकों ने स्वागत किया है। परिपत्र में होम्योपैथी एवं पंजीकृत होम्योपैथिक चिकित्सकों के विरुद्ध अपमानजनक, भ्रामक एवं मानहानिकारक वक्तव्यों पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए ऐसे कृत्यों को रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
इंदौर के वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सक एवं समाजसेवी डॉ. ए.के. द्विवेदी ने इस परिपत्र को राष्ट्रीय होम्योपैथी आयोग का एक सराहनीय एवं समयोचित कदम बताया है। उन्होंने कहा कि होम्योपैथी भारत में विधिक रूप से मान्यता प्राप्त चिकित्सा पद्धति है और पंजीकृत चिकित्सकों को कानून द्वारा चिकित्सा अभ्यास का अधिकार प्राप्त है। ऐसे में बिना आधार के होम्योपैथी या उसके चिकित्सकों के विरुद्ध की जाने वाली टिप्पणियां न केवल भ्रामक हैं, बल्कि पेशे की गरिमा को भी ठेस पहुंचाती हैं।
डॉ. द्विवेदी ने कहा कि आयोग द्वारा जारी यह परिपत्र उन लोगों के लिए स्पष्ट संदेश है जो बिना तथ्यात्मक आधार के होम्योपैथी के विरुद्ध बयानबाजी करते हैं। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से देशभर के होम्योपैथिक चिकित्सकों में अत्यंत प्रसन्नता और उत्साह का वातावरण है तथा चिकित्सकों को यह विश्वास मिला है कि उनकी वैधानिक एवं पेशेवर गरिमा की रक्षा के लिए आयोग प्रतिबद्ध है।
उन्होंने आयोग की अध्यक्ष डॉ. हरचरणजीत कौर एवं राष्ट्रीय होम्योपैथी आयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह कदम होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति के सम्मान, विश्वसनीयता और जनविश्वास को और सुदृढ़ करेगा।


