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मध्यप्रदेश बेस्ड फिल्मों का ट्रेंड शुरू करेगी “चौसर फिरंगी”
अभिनेता स्व. श्री इंद्रा कुमार की आखरी फिल्म
आज की फिल्मों में क्षेत्रीय बोलियों का प्रयोग बढ़ता जा रहा है। ये बोलियां हमारी राष्ट्रीय भाषा हिंदी से थोड़ी सी ही अलग होती है। फिल्मों में इनके इस्तेमाल के कारण उस क्षेत्र के लोग बडी संख्या में फ़िल्मको सकारात्मक प्रतिसाद देते हैं यानी ये बोलियां किसी भी फ़िल्म के बिज़नेस को बढ़ाने में मदद कर रही है।
ऐसी ही एक फ़िल्म है “चौसर फिरंगी” जिसमें मध्यप्रदेश में प्रचलित हिंदी का उपयोग किया गया है। इतना ही नही इस फ़िल्म से जुड़े ज्यादातर लोग मध्यप्रदेश से भी जुड़े हैं। बल्कि यह पहली फ़िल्म है जिसे मध्यप्रदेश की फ़िल्म कहा जा सकता है, ठीक वैसे ही जैसे बंगाली या कन्नड़ सिनेमा होता है। फ़िल्म के निर्माताओं के अनुसार यदि यह फ़िल्म अच्छी चल जाती है तो मध्यप्रदेश में फ़िल्म निर्माण की संभावनाओं में वृद्धि होगी, जिससे इस क्षेत्र के लोगों को अधिक रोजगार मिलेगा।
मध्यप्रदेश यहां कीकला, संगीत, साहित्य और नाटकों के कारण अपनी अलग पहचान रखता है। प्रदेश के इस समृद्ध धरोहर का इस्तेमाल यहां बनने वाली फिल्मों में भी किया जा सकता है। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए गायत्री मोशन पिक्चर्स ने “चौसर फिरंगी” फ़िल्म बनाई है। अधिकतर संभ्रांत वर्ग के लोग दूसरों को अपने से कमतर आंकते है पर सच्चाई यह है कि सामान्य लोगों में नैतिकता अधिक पाई जाती है।
जबलपुर की लोकेशंस पर फिल्माई गई “चौसर फिरंगी” की कहानी भी झुग्गी में रहने वाले दो लड़कों की है, जो अनजाने में ही राजनेताओं और गुंडों के बीच फंस जाते हैं। एक रात की इस रोमांचक कहानी मेंके मोड़ आते हैं। फ़िल्म के लेखक और निर्देशक ने पूरी कहानी को सुनाने के लिए क्षेत्रीय भाषा का प्रयोग किया है, जिससे यह फ़िल्म यादगार बन गई है।
फ़िल्म के प्रोड्यूसर दीपा यादव और सिद्धार्थ यादव है और निर्देशन संदीप पांडे ने किया है। संगीत दिया है श्रुति और धर्मेश की जोड़ी और आशी सागर ने। इसे ज़ी म्यूजिक कंपनी ने रिलीस किया है।सिनेमेटोग्राफी तनवीर अहमद और साउंड डिजाइनिंग अजित सिंह राठौर ने की है।
फ़िल्म में प्रतीक पंचोरी, रेखा मिश्रा, हंसा सिंह, पूजा पांडे, अंशुल ठाकुर, अमोल देशमुख, मनीष तिवारी, जितेंद्र वशिष्ठ,अमर सिंह परिहार, सारिका नायक, विनय शर्मा, बाबू हाजरा और अमोल देशमुख जैसे क्षेत्रीय कलाकारों ने काम किया है। स्व. इंदर कुमार भी इस फ़िल्म के जरिए आखरी बार सेलुलाइड पर दिखाई देंगे।
इसफ़िल्म की एडिटिंग ख्यात फ़िल्म डाइरेक्टर प्रकाश झा ने की है और फ़िल्म के एक्सलूसिव प्रोड्यूसर सलीम जावेद है। फ़िल्म में जबलपुर की पृष्ठभूमि दिखाई गई है जो इसका मुख्य किरदार है। “चौसरफिरंगी” 5 अप्रैल 2019 को सिनेमाघरों में रिलीस होगी।


