- मध्य प्रदेश में चार साल में 1,054 करोड़ रुपये से ज्यादा की साइबर ठगी, इंदौर में 'सेफ क्लिक 2.0' अभियान के जरिए लोगों को सिखाए जा रहे डिजिटल सुरक्षा के गुर
- PPFAS Mutual Fund Opens New Office in Indore
- पीपीएफएएस म्यूचुअल फंड ने इंदौर में नया ऑफिस खोला
- Arjun Kapoor Birthday Special - From Vienna to London, A Look at His Most Memorable Travel Diaries
- Saree' teaser has all the makings of the next chartbuster; fans await Riteish Deshmukh's full visual on June 27
अच्छे सुझावों को मिलेगा दृष्टि पत्र में स्थान: कैलाश विजयवर्गीय
भाजपा राष्ट्रीय महासचिव विजयवर्गीय को बुद्धिजीवी, गणमान्य व आम नागरिकों ने दिये सुझाव
इन्दौर. भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव और दृष्टि पत्र समिति के सदस्य तथा दृष्टि पत्र के लिये सम्भागीय मुख्यालय प्रमुख, विधायक कैलाश विजयवर्गीय ने आज होटल अप्सरा में व्यापारी संगठनों, औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों, बुद्धिजीवी, शहर के वरिष्ठ और अनुभवी गणमान्य व आम नागरिकों से भाजपा के दृष्टि पत्र पर सुझाव लिये.
इस अवसर पर कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि भाजपा लोकतांत्रिक तरह से चलने वाली पार्टी है, हमारा चुनावी दृष्टि-पत्र आमजन की मंशा के अनुरूप हो, ऐसा हमारा प्रयास रहेगा। आम सभी के अच्छे सुझावों को दृष्टि-पत्र में स्थान मिलेगा.
भाजपा नगर अध्यक्ष गोपीकृष्ण नेमा, महामंत्री मुकेशसिंह राजावत, गणेश गोयल, घनश्याम शेर ने बताया कि आगामी विधानसभा चुनाव के लिए बनाए जा रहे प्रदेश के दृष्टि पत्र (घोषणा पत्र) पर आम जनता के कई सुझाव प्राप्त हुए. इसके लिए शिक्षक, डॉक्टर्स, इंजीनियर्स, सीए, सीएस., पत्रकार, वकील, लेखक, कलाकार, व्यवसायी, उद्यमी और युवाओं को दृष्टि-पत्र में सुझाव के लिये आमंत्रित किया गया था.
जीएसटी काउंसिल सुलझा रही व्यापारियों की समस्या
पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि जीएसटी काउंसलिंग लगातार व्यापारियों की समस्या को सुलझा रही है. जीएसटी में कई प्रोडक्ट सस्ते भी हुए है साथ ही कई वस्तुओं से जीएसटी की दर कम भी हुई है. जीएसटी लागू होने के पहले केन्द्र सरकार के द्वारा सभी प्रदेशों के वित्त मंत्री और उनके प्रतिनिधियों के साथ पूर्ण विचार विमर्श कर सर्वानुमति से लागू किया गया. जीएसटी को लेकर जो भी नकारात्मक बाते विपक्षीय पार्टियों के लोग फैलाते है वह सही नहीं है. बाद में भी सभी के सुझाव लेकर जो-जो भी सुधार करना था, वो किये गये. जीएसटी के कारण आज व्यापारी एक नम्बर में व्यवसाय कर रहा है और उसे इसी तरह के कष्ट का सामना नहीं करना पड़ रहा है.
इन्होंने दिये सुझाव
दृष्टि-पत्र(घोषणा-पत्र) के लिये कई सुझाव आये, जिसमें प्रमुख रूप से रमेश खंडेलवाल (अहिल्या चेम्बर ऑफ कामर्स), आलोक दवे व योगेश मेहता (एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज), मनोज काला व सुनील शाह (अनाज व तिलहन व्यापारी संघ), हंसराज जैन (क्लाथ मार्केट एसोसिएशन ऑफ मर्चेन्ट), नरेन्द्र बाफना (प्लाईवूट व्यापारी एसोसिएशन), अजीतसिंह नारंग, दीपक भंडारी (म.प्र. लघु उद्योग संघ), दिनेश अग्रवाल (ऑल इंडिया दालमिल एसोसिएशन), श्रीमती साधना दगड़े (वैश्य महिला संघ), अनिल विजयवर्गीय (सीमेंन्ट व्यापारी एसोसिएशन), सुरेश चौहान (म.प्र. स्टाम्प विक्रेता संघ), सुधाकर खडसे (मांग समाज), मुन्नालाल थलोरे माली (कुशवाह समाज) सहित शिक्षक, डॉक्टर्स, इंजीनियर्स, सीए, सीएस., पत्रकार, वकील, लेखक, कलाकार, व्यवसायी, उद्यमी और युवाओं द्वारा सुझाव लिखित व मौखिक में दिये गये. इन सभी सुझावों को प्रदेश संगठन को भेजा जायेगा तथा प्रदेश के विधानसभा चुनाव के लिये तैयार होने वाले दृष्टि-पत्र में शामिल किया जायेगा।


