- मध्य प्रदेश में चार साल में 1,054 करोड़ रुपये से ज्यादा की साइबर ठगी, इंदौर में 'सेफ क्लिक 2.0' अभियान के जरिए लोगों को सिखाए जा रहे डिजिटल सुरक्षा के गुर
- PPFAS Mutual Fund Opens New Office in Indore
- पीपीएफएएस म्यूचुअल फंड ने इंदौर में नया ऑफिस खोला
- Arjun Kapoor Birthday Special - From Vienna to London, A Look at His Most Memorable Travel Diaries
- Saree' teaser has all the makings of the next chartbuster; fans await Riteish Deshmukh's full visual on June 27
मलेरिया, डेंगू और अन्य जलजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए बनाए दल
कलेक्टर ने अधिकारियों की बैठक ली
इंदौर. जिले में मलेरिया, डेंगू और अन्य जलजनित बीमारियों की रोकथाम के लिये व्यापक इंतजाम किये जा रहे है. घर-घर जाकर सर्वे, रोकथाम के प्रबंध करने तथा नागरिकों को बचाव के संबंध में जागरूक बनाने के लिये दल बनाये गये हैं. जिले में जिस तरह से कोरोना से निपटने के लिये समन्वित रूप से कारगर प्रयास किये गये थे, उसी तरह के समन्वित प्रयास उक्त बीमारियों से निपटने के लिये भी किये जा रहे हैं.
यह जानकारी आज यहां कलेक्टर मनीष सिंह द्वारा रवीन्द्र नाट्य गृह में ली गयी संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक में दी गई. बैठक में नगर निगम आयुक्त प्रतिभा पाल सहित सभी अपर कलेक्टर, सभी एसडीओ, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी, नगर निगम के सभी झोनल अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग के डाक्टर्स तथा पंचायत स्तर के कर्मचारी उपस्थित थे.
बैठक में कलेक्टर श्री सिंह ने अधिकारियों को दायित्व सौंपते हुये निर्देश दिये कि सभी अधिकारी सजग होकर अपने-अपने क्षेत्रों में निगरानी रखें. डेंगू तथा मलेरिया के रोगी पाये जाने पर उनका शीघ्र उपचार प्रारंभ करवाएं. सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को जागरूक करें कि वे मलेरिया एवं डेंगू से बचाव के लिये सभी एहतियाती प्रबंध अपनाएं. सभी अधिकारी यह प्रयास करे कि अनावश्यक रूप से कहीं भी जल जमाव नहीं होने दें. जल जमाव वाले स्थान पर क्रूड आइल का छिड़काव करें. ग्रामीण तथा शहरी सभी क्षेत्रों में सघन रूप से मच्छर नाशक दवाईयाँ का छिड़काव अनिवार्य रूप से करें. ग्राम पंचायत तथा वार्ड स्तर पर सुक्ष्म कार्ययोजना बनाकर डेंगू तथा मलेरिया से बचाव के कार्य करें.
कलेक्टर श्री सिंह ने निर्देश दिये कि अधिकारी को कोविड नियंत्रण के लिये सजग रहें. टेस्टिंग का कार्य निरंतर जारी रखें. कोविड पॉजिटिव मरीज पाये जाने पर उन्हें अस्पताल में आवश्यक रूप से भर्ती करवायें. कॉटेक्ट की ट्रेसिंग करें. संबंधित मरीज के घर को कंटेनमेंट झोन बनाएं. श्री सिंह ने निर्देश दिये कि सभी लेब को हिदायत दे कि वे कोरोना टेस्ट कराने वाले सभी मरीजों का पता और फोन नंबर सहीं रूप से दर्ज करें. इस कार्य में लापरवाही बरतने पर संबंधित लेब के विरूद्ध कार्रवाई की जाए. बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी.एस. सैत्या ने डेंगू तथा मलेरिया के कारण, लक्षण, बचाव, उपचार आदि के संबंध में जानकारी दी.


