- This independence day, india is celebrating the heroes of operation safed sagar
- डी बीयर्स साइटहोल्डर अंकित जेम्स ने ‘Eyora Jewels’ के साथ रिटेल सेक्टर में किया प्रवेश
- Back to Class! Prime Video Announces Seasons 2 and 3 of Fan-Favorite Adarsh Baal Vidyalaya
- इस स्वतंत्रता दिवस पर केनस्टार लेकर आया ‘नो फोन ऑवर 2.0’, पिछले साल से 3 गुना अधिक भागीदारी का लक्ष्य
- ऑपरेशन सफेद सागर की सफलता के बीच दीया मिर्ज़ा ने बताया, उनके लिए देशभक्ति के क्या मायने हैं
नेत्र चिकित्सा में नया कीर्तिमान; एएसजी इंदौर ने मनाई 6वीं वर्षगाँठ
20 जुलाई से 20 अगस्त तक अस्पताल परिसर में लगेगा निःशुल्क ओपीडी शिविर
अब तक की जा चुकी हैं 22 हज़ार से अधिक सफल सर्जरी
1 लाख 5 हज़ार से अधिक नेत्र परीक्षण का आँकड़ा पार
एएसजी परिवार की उपस्थिति में मनाई गई वर्षगाँठ
इंदौर, जुलाई, 2025: देश की अग्रणी आई हॉस्पिटल श्रृंखला एएसजी आई हॉस्पिटल, इंदौर (क्वालिटी केयर बाय एम्स नई दिल्ली एल्युमिनी) ने अपनी 6वीं वर्षगाँठ उत्साहपूर्वक मनाई। इस अवसर पर आयोजित समारोह की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई, जिसमें समस्त एएसजी परिवार मौजूद रहा। कार्यक्रम में डॉ. विनीत मूथा, डॉ. ललित गुप्ता, डॉ. महेश बिरला, डॉ. वाफी अंसारी और डॉ. दीपक सोनी शामिल हुए। वर्षगाँठ के उपलक्ष्य में 20 जुलाई से 20 अगस्त तक अस्पताल परिसर में निःशुल्क ओपीडी (प्राथमिक नेत्र जाँच) शिविर का आयोजन किया जाएगा।
प्रेस वार्ता के दौरान मेडिकल डायरेक्टर इंदौर ज़ोन, डॉ. विनीत मूथा ने बताया कि एमजी रोड स्थित एम्बेसी बिल्डिंग के अंतर्गत यह सुपर स्पेशलाइज्ड नेत्र चिकित्सालय, एम्स नई दिल्ली, एलवी प्रसाद और शंकर नेत्रालय जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों से प्रशिक्षित विशेषज्ञों द्वारा संचालित किया जा रहा है। अब तक हॉस्पिटल में 1 लाख 5 हज़ार से अधिक नेत्र परीक्षण एवं 22 हज़ार से अधिक सफल सर्जरी की जा चुकी हैं।
डॉ. विनीत मूथा कहा, “जैसा कि चेन्नई और अहमदाबाद जैसे शहरों में अत्याधुनिक नेत्र चिकित्सा सुविधाएँ मौजूद हैं, वैसी ही सुविधाएँ अब इंदौर में भी उपलब्ध कराना हमारा लक्ष्य है। हम चाहते हैं कि इंदौर शहर न सिर्फ सफाई में, बल्कि आँखों की चिकित्सा सेवाओं में भी देश में नंबर वन बने। हमें गर्व है कि मध्य प्रदेश के सर्वोच्च नेत्र अस्पताल के रूप में दैनिक भास्कर से सम्मान मिला है। यह उपलब्धि हमारे सभी डॉक्टरों के प्रयासों का परिणाम है।”
बच्चों की दृष्टि के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, “आजकल बच्चों की दृष्टि काफी कमजोर होने लगी है। पेरेंट्स को चाहिए कि वे 10 साल तक के बच्चों को डिजिटल गैजेट्स 1 घंटे से भी कम समय के लिए दें दे सकते हैं। इसके साथ ही, बच्चों की आउटडोर एक्टिविटीज़ बढ़ाने पर भी ध्यान देना चाहिए। आजकल, बच्चों का बाहर खेलना बंद हो गया है, इसलिए हर दूसरे बच्चे को चश्मा लगा हुआ है। ऐसे में, आउटडोर एक्टिवीटिज़ बढ़ाना और स्क्रीनटाइम कम करना बहुत जरुरी है।
एएसजी के डॉक्टरों की टीम में शामिल हैं: डॉ. महेश, जो लासिक आईसीएसई सर्जन हैं और चेन्नई के शंकर नेत्रालय से प्रशिक्षित हैं। डॉ. वापी अंसारी, ग्लॉकोमा सर्जन हैं। वे स्टॉक चैरिटी ई सेंटर (दिल्ली) से भी जुड़े हैं, जो देश के अग्रणी संस्थानों में एक माना जाता है। डॉ. दीपक सोनी, शंकरदेव नेत्रालय से प्रशिक्षित प्लास्टिक आई सर्जन हैं। वे ऑर्बिट, कैंसर और बच्चों में होने वाली नेत्र संबंधी जटिलताओं का भी इलाज करते हैं। डॉ. ललित गुप्ता टीम के सबसे वरिष्ठ और अनुभवी नेत्र चिकित्सक हैं। इस कुशल टीम के साथ एएसजी का उद्देश्य इंदौर को नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में एक नया मुकाम दिलाना है, जहाँ हर प्रकार की एडवांस्ड सर्जरी और जटिल रोगों का इलाज संभव हो।
वर्ष 2019 में शुरू हुई यह इंदौर शाखा इस सोच के साथ स्थापित की गई थी कि लोगों को अब आँखों के इलाज के लिए चेन्नई या मुंबई जैसे बड़े शहरों में नहीं जाना पड़े। एएसजी हॉस्पिटल को मध्यप्रदेश के सर्वोच्च हेल्थकेयर अवॉर्ड से भी सम्मानित किया जा चुका है। देशभर में इसकी 170 से अधिक शाखाएँ संचालित हो रही हैं। इंदौर शाखा द्वारा अब तक 600 से अधिक निःशुल्क नेत्र शिविर शहर और आस-पास के ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित किए गए हैं, जिनमें गंभीर नेत्र रोगों की पहचान कर कई लोगों को समय पर उपचार मिला है। साथ ही स्कूलों और वाहन चालकों के लिए विशेष शिविर भी आयोजित किए गए हैं।


